Pakistan के Balochistan में हमलावरों ने सुरक्षा चौकी को बनाया निशाना, तीन जवानों की मौत, एक घायल

 

पाकिस्तान के बलूचिस्तान में हमलावरों ने सुरक्षा चौकी को बनाया निशाना, तीन जवानों की मौत, एक घायल
प्रतीकात्मक फोटो.

 

पाकिस्तान (Pakistan) के अशांत बलूचिस्तान (Balochistan) प्रांत में एक सुरक्षा चौकी पर अज्ञात सशस्त्र हमलावरों ने गोलीबारी की, जिसमें अर्द्धसैन्य बल के कम से कम तीन जवानों की मौत हो गई. एक अधिकारी ने इसकी जानकारी दी है. यह हमला बोलान जिले के मोराट क्षेत्र में रविवार को हुआ. एक शीर्ष सरकारी अधिकारी ने बताया कि अज्ञात सशस्त्र हमलावरों (Armed Attackers) ने क्वेटा से करीब 70 किलोमीटर दूर मोराट में चौकी पर रविवार को हमला कर दिया.

 

अधिकारी ने कहा कि हमले में ‘फ्रंटियर कोर्प्स’ के तीन जवानों की मौत हो गई और एक जवान घायल हो गया. चौकी पर तैनात जवानों ने जवाबी कार्रवाई की लेकिन हमलावर अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे. घटना के बाद जवानों ने इलाके को घेर लिया और निकटवर्ती पर्वतीय इलाकों में तलाश अभियान चलाया लेकिन खबर आने तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है.

 

न्यूज एजेंसी भाषा की खबर के मुताबिक जवानों के शवों और घायल जवान को अस्पताल ले जाया गया है. इस हमले से मात्र चार दिन पहले अफगानिस्तान में सीमा पार से आतंकवादियों के हमले में प्रांत के झोब जिले में चार जवानों की मौत हो गई थी.

 

यह भी पढ़ें : Azam Khan in ICU: तबीयत बिगड़ने के बाद ICU में शिफ्ट किए गए आजम खान, कोरोना से हैं संक्रमित

 

‘ग्रे’ सूची से निकलने में लगा पाकिस्तान

दूसरी ओर वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (एफएटीएफ) की ‘ग्रे’ सूची में से निकलने के लिए पाकिस्तान धन शोधन रोधी मामलों के संबंध में नए नियम लाने और अभियोजन प्रक्रिया में बदलाव करने की तैयारी कर रहा है. मीडिया में आई एक खबर में सोमवार को यह जानकारी दी गई है. धनशोधन और आतंकवाद का वित्तपोषण करने के मामलों पर निगरानी करने वाली वैश्विक संस्था पेरिस स्थित एफएटीएफ (Financial Action Task Force) ने जून 2018 में पाकिस्तान को ‘ग्रे’ सूची में डाल दिया था और तब से देश इससे निकलने की कोशिश में लगा हुआ है.

 

‘डॉन’ अखबार ने खबर दी है कि इन बदलावों में धन शोधन रोधी (एएमएल) मामलों की जांच और अभियोजन का जिम्मा पुलिस, प्रांतीय भ्रष्टाचार रोधी प्रतिष्ठान (एसीई) और अन्य एजेंसियों से लेकर विशिष्ट एजेंसियों को देना शामिल है. ये दो नियमों का हिस्सा है, जिनमें एएमएल (जब्त संपत्ति प्रबंधन) नियम 2021 और एएमएल (रेफरल) नियम 2021 शामिल हैं जो ‘नेशनल पॉलिसी स्टेटमेंट ऑन फॉलो मनी’ के तहत आता है. खबर में बताया गया है कि इसे कुछ दिन पहले संघीय मंत्रिमंडल ने मंजूरी दे दी है.

 

यह भी पढ़ें : Flipkart Flagship Fest सेल में Mi 10T, Samsung Galaxy F62 समेत कई मोबाइल पर बंपर डिस्काउंट

 

 

 

 

Follow 👇

लाइव अपडेट के लिए हमारे सोशल मीडिया को फॉलो करें:

 

 

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published.